बीबीएन, नेटवर्क | पूर्व सैनिक दिवस के अवसर पर भारतीय सेना ने देशभर के सैन्य स्टेशनों पर सम्मान, कृतज्ञता और गौरव से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन किया। जयपुर मिलिट्री स्टेशन इस राष्ट्रीय आयोजन का प्रमुख केंद्र रहा, जहाँ शीर्ष सैन्य नेतृत्व की उपस्थिति में पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और सेना की विशिष्ट यूनिट्स को सम्मानित किया गया।
दक्षिण पश्चिम कमान के तत्वावधान में आयोजित समारोह में सेनाध्यक्ष जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान सेना की परंपराओं, राष्ट्र सुरक्षा में पूर्व सैनिकों की भूमिका और बदलते सुरक्षा परिदृश्य पर विशेष फोकस रखा गया। दोपहर में आयोजित अलंकरण समारोह में बहादुरी, उत्कृष्ट सेवा और ऑपरेशनल उपलब्धियों के लिए कई सैनिकों एवं यूनिट्स को सम्मान प्रदान किया गया।
पूर्व सैनिकों से सीधा संवाद, कल्याण पर जोर
जयपुर के पोलो ग्राउंड में आयोजित आर्मी वेटरन्स डे लंच में सेनाध्यक्ष ने पूर्व सैनिकों और वीर नारियों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि सेना के लिए पूर्व सैनिक केवल अतीत नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की सतत प्रेरणा हैं। इस अवसर पर जिला सैनिक बोर्डों से जुड़े अधिकारियों को उनके प्रयासों के लिए सम्मानित किया गया कार्यक्रम के दौरान भारतीय सेना पूर्व सैनिक निदेशालय द्वारा प्रकाशित पत्रिका ‘सम्मान’ का विमोचन भी किया गया। वहीं, आर्मी वूमेंस वेलफेयर एसोसिएशन की अध्यक्षा श्रीमती सुनीता द्विवेदी ने वीर नारियों और वीर माताओं को विशेष सम्मान प्रदान किया।
वीरता, सेवा और उपलब्धियों का सम्मान
सेना अलंकरण समारोह में सेनाध्यक्ष द्वारा वीरता पदक, यूनिट प्रशस्ति पत्र और प्रशंसा प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इनमें कई यूनिट्स को विशेष अभियानों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मान मिला। युद्धक्षेत्र के अलावा सामाजिक और राष्ट्रसेवा से जुड़े योगदान के लिए पूर्व सैनिकों और नागरिकों को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
आधुनिक सेना, सशक्त भविष्य
अपने संबोधन में सेनाध्यक्ष ने आधुनिक तकनीक, सैन्य आधुनिकीकरण और उच्च स्तर की ऑपरेशनल तैयारी को सेना की प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि सम्मान, साहस और कर्तव्य की भावना ही भारतीय सेना की असली पहचान है, जिसे हर पीढ़ी तक पहुंचाना पूर्व सैनिकों की अहम जिम्मेदारी है।
आर्मी डे परेड और शौर्य संध्या का इंतजार
पूर्व सैनिक दिवस के बाद जयपुर में सेना दिवस समारोहों की श्रृंखला जारी रहेगी। महल रोड पर आयोजित होने वाली भव्य परेड और सवाई मानसिंह स्टेडियम में होने वाली शौर्य संध्या के जरिए आम नागरिकों को सेना की क्षमता, अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण का जीवंत अनुभव मिलेगा।




