बीबीएन,बीकानेर। शहर में कल रविवार को एक विशेष धार्मिक आयोजन के तहत सर्वबीज मंत्रों से युक्त दिव्य महामांगलिक अनुष्ठान आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम कृष्णगिरी शक्ति पीठाधीश्वर वसंत विजयानंद गिरी के सानिध्य में आयोजित होगा। आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और जैन समाज के अनुयायियों के शामिल होने की संभावना है। कार्यक्रम रात 8 बजे स्टेशन रोड स्थित जैन दादाबाड़ी (बगीची) आदिनाथ भवन में होगा, जहां धर्मसभा और आध्यात्मिक अनुष्ठान संपन्न किए जाएंगे।
धार्मिक आयोजन का उद्देश्य समाज में आध्यात्मिक चेतना का विस्तार करना और साधना-सेवा के महत्व को रेखांकित करना बताया गया है। आयोजन समिति ने शहर के श्रद्धालुओं और सकल संघ को परिवार सहित कार्यक्रम में शामिल होने का आमंत्रण दिया है।
आयोजन कब और कहां होगा
श्री पार्श्वनाथ पद्मावती सेवा ट्रस्ट से जुड़े ट्रस्टी संकेश जैन के अनुसार यह कार्यक्रम गोगागेट सर्किल से स्टेशन रोड स्थित माइको कंपनी के पास, एसबीआई बैंक के सामने जैन दादाबाड़ी (बगीची) आदिनाथ भवन में आयोजित किया जाएगा। इसमें धार्मिक अनुष्ठान, मंत्रोच्चार और सामूहिक मंगल पाठ का आयोजन किया जाएगा।
महायज्ञ में काशी के विद्वान पंडितों की भागीदारी
इससे पहले शनिवार को गंगाशहर रोड स्थित अग्रवाल भवन में विशेष महायज्ञ का आयोजन किया गया। इस अनुष्ठान में काशी से आए विद्वान पंडितों ने वैदिक विधि से आहुतियां दीं। यज्ञ के दौरान श्रद्धालुओं ने भी बड़ी संख्या में भाग लेकर आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया।
सेवा-भक्ति से ही प्राप्त होता है आशीर्वाद
धर्मसभा को संबोधित करते हुए वसंत विजयानंद गिरी ने कहा कि आधुनिक समय में भले ही वस्तुएं कुरियर या पार्सल से कहीं भी भेजी जा सकती हैं, लेकिन आशीर्वाद किसी माध्यम से भेजा नहीं जा सकता, उसे प्राप्त करने के लिए सेवा और भक्ति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि व्यक्ति को अपनी क्षमता के अनुरूप ही कार्य करना चाहिए। धर्म के प्रति आस्था और सकारात्मक दृष्टिकोण जीवन को संतुलित बनाते हैं। उनके अनुसार वर्तमान समय में धर्म और पुण्य के मार्ग पर चलना समाज के लिए अत्यंत आवश्यक है।
धर्म साधना और सेवा का महत्व
अपने संदेश में उन्होंने कहा कि माता-पिता और गुरु की सेवा का फल अवश्य मिलता है। यदि साधक निस्वार्थ और शुद्ध भाव से साधना करता है तो उसके लिए कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं रहता। उन्होंने मनुष्य को आत्मिक शक्ति पहचानने, प्राणी मात्र के कल्याण के लिए कार्य करने और जीवन में प्रसन्न रहने की प्रेरणा दी। धार्मिक आयोजन को लेकर शहर के श्रद्धालुओं में उत्साह देखा जा रहा है और आयोजन स्थल पर तैयारियां भी शुरू कर दी गई हैं।


