बीबीएन, बीकानेर | राजकीय महाविद्यालय, कोलायत में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई–एक के सात दिवसीय विशेष शिविर का समापन समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. मुकेश कुमार स्याग एवं वरिष्ठ संकाय सदस्य डॉ. बिन्दु चंद्राणी द्वारा माँ शारदे के समक्ष दीप प्रज्वलन से किया गया। स्वयंसेवकों ने राष्ट्रगीत और लक्ष्यगीत के माध्यम से सेवा, समर्पण और अनुशासन की भावना को स्वर दिया।
समापन दिवस पर सहायक आचार्य डॉ. दीपाली व्यास ने योग और व्यायाम के महत्व पर प्रभावी व्याख्यान देते हुए स्वयंसेवकों को शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य को जीवन की प्राथमिकता बनाने का संदेश दिया। उन्होंने स्वस्थ तन–मन को सामाजिक दायित्वों के निर्वहन की आधारशिला बताया। इसके बाद एनएसएस प्रभारी श्रीमती उर्मिला चोपड़ा ने सात दिनों में किए गए सामुदायिक, सामाजिक और रचनात्मक कार्यों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया, जिसमें स्वच्छता, जागरूकता और सेवा गतिविधियों की झलक रही।
मुख्य अतिथि प्राचार्य डॉ. मुकेश कुमार स्याग ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए एनएसएस के आदर्श वाक्य “स्वयं से पहले आप” के व्यावहारिक अर्थ को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि सेवा के माध्यम से व्यक्तित्व निर्माण और सामाजिक चेतना का विकास होता है। इस अवसर पर सक्रिय सहभागिता निभाने वाले स्वयंसेवकों को स्मृति चिन्ह प्रदान कर प्रोत्साहित किया गया। कार्यक्रम के अंत में शिविर की औपचारिक समाप्ति की घोषणा करते हुए आभार ज्ञापन किया गया। मंच संचालन डॉ. दीपाली व्यास ने किया। समारोह में डॉ. सूरज प्रकाश, डॉ. बिन्दु चंद्राणी, श्रीमती नारायणी तथा प्रशासनिक कर्मचारी प्रभुदयाल भाटी की उपस्थिति रही।

