नरेंद्र आर्य।
बीबीएन,बीकानेर। खरीफ-2026 के दौरान इंदिरा गांधी नहर परियोजना से जुड़े क्षेत्रों में सिंचाई और पेयजल आपूर्ति के बेहतर प्रबंधन के उद्देश्य से जल संसाधन विभाग ने नया संचालन कार्यक्रम जारी किया है। आदेश के अनुसार 15 जुलाई 2026 की सुबह 6 बजे से 10 अगस्त 2026 की सुबह 6 बजे तक विभिन्न नहरों का संचालन निर्धारित रोस्टर के अनुसार किया जाएगा। विभाग ने अधिकारियों को जल वितरण की सतत निगरानी, अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने, जल चोरी रोकने तथा किसानों को निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप ही सिंचाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही पेयजल आपूर्ति को सर्वोच्च प्राथमिकता देने और आवश्यकता पड़ने पर स्थानीय प्रशासन के समन्वय से व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है।
खरीफ सीजन में जल प्रबंधन पर रहेगा विशेष फोकस
आयुक्त, सिंचित क्षेत्र विकास, बीकानेर द्वारा जारी निर्देशों में स्पष्ट किया गया है कि जल वितरण पूरी तरह निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। सभी संबंधित अभियंताओं और क्षेत्रीय अधिकारियों को नहरों के संचालन, जल प्रवाह की निगरानी तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने यह भी कहा है कि जल उपयोग में पारदर्शिता और अनुशासन बनाए रखना सभी अधिकारियों की जिम्मेदारी होगी।
अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने पर रहेगा जोर
आदेश में नहरों के अंतिम हिस्सों तक पर्याप्त जल उपलब्ध कराने पर विशेष बल दिया गया है। जल वितरण के दौरान किसी भी क्षेत्र में अनावश्यक कटौती या बाधा नहीं आने देने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए नियमित निरीक्षण और फील्ड मॉनिटरिंग की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।
पेयजल व्यवस्था रहेगी सर्वोच्च प्राथमिकता
सिंचाई के साथ-साथ पेयजल आपूर्ति प्रभावित न हो, इसके लिए संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर जिला प्रशासन और स्थानीय निकायों की सहायता से वैकल्पिक व्यवस्थाएं भी लागू की जा सकेंगी।
जल चोरी और अनियमित उपयोग पर सख्ती
विभाग ने स्पष्ट किया है कि जल चोरी, अवैध निकासी और निर्धारित रोस्टर के उल्लंघन पर कार्रवाई की जाएगी। संबंधित अधिकारियों को नियमित निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने तथा शिकायतों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।





