बीबीएन,बीकानेर । जिला पुलिस ने महिला सुरक्षा और सामाजिक जागरूकता को मजबूत करने के उद्देश्य से दो दिवसीय “महिला सुरक्षा संकल्प” अभियान की शुरुआत की है। इस विशेष कार्ययोजना के तहत जिलेभर में स्कूलों, कॉलेजों, सार्वजनिक स्थलों, श्रमिक क्षेत्रों और वरिष्ठ नागरिकों के बीच सुरक्षा, साइबर अपराध, आत्मरक्षा, POCSO कानून तथा हेल्पलाइन सेवाओं को लेकर व्यापक संवाद और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। अभियान का उद्देश्य महिलाओं, युवाओं और छात्राओं को सुरक्षा संबंधी अधिकारों और सरकारी सहायता तंत्र के प्रति जागरूक बनाना है।
पुलिस विभाग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार अभियान को दो चरणों में विभाजित किया गया है। पहले दिन सामुदायिक जुड़ाव और जनजागरूकता पर विशेष फोकस रखा जाएगा, जबकि दूसरे दिन शिक्षा संस्थानों, विभिन्न विभागों और सार्वजनिक स्थलों पर संवाद आधारित गतिविधियां आयोजित होंगी।
पहले दिन पुलिसकर्मियों, युवाओं और महिलाओं से होगा सीधा संवाद
अभियान के पहले दिन सुबह पुलिसकर्मियों के लिए विशेष संपर्क सभा आयोजित की जाएगी। इसमें महिला सुरक्षा कानूनों, साइबर सुरक्षा के नियमों और हेल्पलाइन सेवाओं की जानकारी दी जाएगी ताकि पुलिस बल महिलाओं के प्रति अधिक संवेदनशील और जवाबदेह बन सके। इसके बाद महिला स्वयंसेवकों के साथ संवाद और सम्मान समारोह का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम में हजारों महिला स्वयंसेवकों को आत्मरक्षा प्रशिक्षण, महिला हेल्पलाइन 1090 और सुरक्षा उपायों की जानकारी प्रदान की जाएगी। उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं और युवतियों को सम्मानित भी किया जाएगा। दोपहर बाद कॉलेज विद्यार्थियों के लिए ऑनलाइन युवा कार्यशाला आयोजित होगी, जिसमें साइबर अपराध, महिला सुरक्षा कानून और राजकॉप एप जैसी डिजिटल सुरक्षा सेवाओं के उपयोग के बारे में जानकारी दी जाएगी।
वरिष्ठ नागरिकों और महिला श्रमिकों पर भी रहेगा विशेष फोकस
शाम के सत्र में अकेले रह रहे बुजुर्गों के लिए “Senior’s Not Alone” योजना के अंतर्गत पुलिस टीमें घर-घर जाकर संवाद करेंगी। वरिष्ठ नागरिकों की समस्याएं सुनने के साथ उन्हें सुरक्षा उपायों और सहायता सेवाओं की जानकारी दी जाएगी। इसके बाद फैक्ट्रियों, निर्माण स्थलों और श्रमिक बस्तियों में कार्यरत महिला श्रमिकों के लिए विशेष जागरूकता कार्यक्रम चलाया जाएगा। इसमें कार्यस्थल सुरक्षा, अधिकारों और आपातकालीन परिस्थितियों में अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों पर जानकारी साझा की जाएगी।
दूसरे दिन स्कूलों, विभागों और सार्वजनिक स्थलों पर रहेगा फोकस
अभियान के दूसरे दिन सरकारी और निजी स्कूलों के विद्यार्थियों के साथ ऑनलाइन संवाद किया जाएगा। इस दौरान POCSO कानून, साइबर अपराध और आत्मरक्षा के महत्व पर छात्र-छात्राओं को जागरूक किया जाएगा। इसके अतिरिक्त आत्मरक्षा प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं से संवाद कर उनके अनुभव साझा किए जाएंगे ताकि अन्य महिलाओं को भी आत्मरक्षा के लिए प्रेरित किया जा सके दोपहर में जिला प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक न्याय विभागों के साथ संयुक्त बैठक आयोजित होगी, जिसमें महिला सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सामूहिक रणनीति तैयार की जाएगी।
सार्वजनिक स्थानों पर गश्त और जनजागरूकता अभियान
शाम के समय बाजारों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में महिला पुलिसकर्मियों द्वारा विशेष गश्त और संवाद कार्यक्रम चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य महिलाओं में सुरक्षा की भावना मजबूत करना और छेड़छाड़ जैसी घटनाओं की रोकथाम सुनिश्चित करना है। अभियान के अंतिम चरण में शहर के प्रमुख बाजारों में जागरूकता रैली निकाली जाएगी। लोगों को महिला सुरक्षा कानूनों, हेल्पलाइन नंबरों और डिजिटल सुरक्षा एप के बारे में जानकारी देने के साथ पंपलेट भी वितरित किए जाएंगे। बीकानेर पुलिस का यह अभियान महिला सुरक्षा को लेकर सामाजिक भागीदारी बढ़ाने और आमजन में जागरूकता पैदा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।




