🔴 परीक्षा दबाव हुआ कम, अब दो बार मिलेगी सफलता की राह
बीबीएन, नेटवर्क। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए घोषणा की है कि आगामी शैक्षणिक सत्र से बोर्ड परीक्षाएँ वर्ष में दो बार आयोजित की जाएंगी। यह नई व्यवस्था विद्यार्थियों के लिए अधिक अवसर, कम परीक्षा-दबाव और बेहतर परिणामों की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि प्रत्येक विद्यार्थी के लिए पहली परीक्षा अनिवार्य होगी। जो विद्यार्थी अपने अंकों में सुधार करना चाहेंगे या पूरक परीक्षा की आवश्यकता होगी, वे अधिकतम तीन विषयों में दूसरी परीक्षा का विकल्प चुन सकेंगे।
दोनों परीक्षाएँ संपूर्ण पाठ्यक्रम पर आधारित रहेंगी और अंतिम परिणाम में विद्यार्थियों के सर्वश्रेष्ठ अंक ही मान्य किए जाएंगे। इस प्रकार, अब छात्र अपनी मेहनत को दो अवसरों में प्रदर्शित कर सकेंगे और किसी एक परीक्षा में असफलता से उनका भविष्य प्रभावित नहीं होगा। शिक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, यह निर्णय विद्यार्थियों को अधिक लचीलेपन के साथ सीखने और मानसिक दबाव से मुक्त होकर अध्ययन करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परिवर्तन सिद्ध होगा।
शिक्षा मंत्री ने कहा—
“यह व्यवस्था विद्यार्थियों के लिए अधिक अवसर और कम तनाव का माध्यम बनेगी। यह सुधार हमारे शिक्षा तंत्र को आधुनिक और विद्यार्थी-केंद्रित बनाने की दिशा में मील का पत्थर है।”
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