बीबीएन, नेटवर्क। त्रि-सेवा के मध्य-स्तरीय अधिकारियों के एक दल ने ‘हायर डिफेंस मैनेजमेंट कोर्स (HDMC)’ के तहत वज्र कोर का दौरा कर पश्चिमी मोर्चे पर चलने वाले संयुक्त एवं एकीकृत अभियानों की योजना, संचालन और तकनीकी उपयोग का प्रत्यक्ष अनुभव हासिल किया।
इस दौरान अधिकारियों को विविध भू-भागों में सैन्य सिद्धांतों, ऑपरेशनल चुनौतियों और इंटर-सेवा समन्वय की वास्तविक प्रक्रिया को समझने का अवसर मिला।
दौरे के दौरान वज्र कोर के चीफ ऑफ स्टाफ मेजर जनरल अतुल भदौरिया (VSM) ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि बदलते सुरक्षा परिदृश्य में तेज तकनीकी अनुकूलन, निरंतर नवाचार, और एकीकृत युद्धक प्रतिक्रिया सैन्य क्षमता का मूल आधार है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि आधुनिक युद्ध वातावरण में परिस्थितियों का त्वरित आकलन और संसाधनों का स्मार्ट उपयोग ही सफलता का निर्णायक तत्व बन चुका है।
HDMC अधिकारियों को इंटीग्रेटेड ऑपरेशंस के मॉडल, कमांड-एंड-कंट्रोल स्ट्रक्चर, निगरानी प्रणालियों, लॉजिस्टिक प्रबंधन और मिशन-विशिष्ट तैयारी से जुड़े प्रमुख पहलुओं का विस्तृत विवरण दिया गया। सैन्य अधिकारियों के अनुसार, यह दौरा शिक्षार्थी अधिकारियों के रणनीतिक दृष्टिकोण को और गहराई प्रदान करता है तथा भविष्य के बहु-डोमेन अभियानों में उनकी भूमिका को अधिक प्रभावशाली बनाता है।
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