भीम आश्रम में सेवा का उत्सव , जब जन्मदिन बना संवेदना का संदेश
बीबीएन,बीकानेर, 28 अक्टूबर। कभी-कभी जीवन के उत्सव मंदिरों में नहीं, मनुष्यता के उन कोनों में खिलते हैं जहाँ करुणा का स्पर्श होता है। मुक्ता प्रसाद नगर स्थित भीम आश्रम में सोमवार को ऐसा ही एक दृश्य देखने को मिला , जहाँ जन्मदिन के अवसर पर सेवा, स्नेह और सम्मान का अनोखा संगम हुआ।
We Are Foundation की फाउंडर डायरेक्टर एवं चेयरमैन अर्चना सक्सेना गोयल के निर्देशन में और गीता रामचंद्रानी के नेतृत्व में यह आयोजन हुआ। गीता जी ने अपने पति भगवान दास जी का जन्मदिन किसी होटल या रिसॉर्ट में नहीं, बल्कि आश्रम के वृद्धजनों के बीच मनाने का निश्चय किया , ताकि खुशियों की रोशनी वहाँ पहुँचे जहाँ अक्सर सन्नाटा रहता है।
कार्यक्रम के दौरान वृद्धजन स्वयं को परिवार का हिस्सा महसूस करते रहे। भोजन वितरण के बीच संवाद और अपनापन की गर्माहट ने माहौल को मानवीयता से भर दिया। अर्चना सक्सेना गोयल ने इस अवसर पर कहा “सेवा ही सबसे बड़ी पूजा है। जब हम समय और स्नेह साझा करते हैं, तब जीवन का अर्थ नया आकार लेता है।” वहीं गीता रामचंद्रानी ने कहा “यह मेरे लिए सौभाग्य का क्षण है कि अपने पति का जन्मदिन मैं इन पूजनीय बुजुर्गों के बीच मना रही हूँ। उनके आशीर्वाद से जीवन और भी समृद्ध हो जाता है।”
इस अवसर पर We Are Foundation की टीम से अर्चना सक्सेना गोयल, गीता रामचंद्रानी, भगवान दास रामचंद्रानी, मोनिका शर्मा, आयशा शर्मा, यशस्व गोयल, राखी रावत, मंसा रावत, कोमल चौहान, योगेश रामचंद्रानी और चारु रामचंद्रानी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बुजुर्गों के चेहरों पर मुस्कान और दिलों में अपनापन भरने का प्रयास किया। यह आयोजन इस बात का प्रतीक बन गया कि जब सेवा उत्सव बन जाती है, तब समाज सचमुच सुंदर हो उठता है।
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