बीबीएन, नेटवर्क। सप्त शक्ति आशा स्कूल ने अपने वार्षिक दिवस समारोह में विशेष रूप से सक्षम बच्चों की प्रतिभा, आत्मविश्वास और उपलब्धियों का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में सामाजिक क्षेत्र से जुड़े प्रमुख व्यक्तित्वों की उपस्थिति रही, जबकि छात्रों ने राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में 21 पदक जीतकर विद्यालय का नाम रोशन किया। आधुनिक प्रशिक्षण सुविधाओं और समर्पित शिक्षण के बल पर बच्चों ने मंच पर शानदार प्रस्तुतियां दीं, जो समारोह का मुख्य आकर्षण रहीं।
राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्धियां, समर्पण का परिणाम
वार्षिक रिपोर्ट में विद्यालय द्वारा विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए किए गए प्रयासों को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया। छात्रों ने स्पेशल ओलंपिक्स भारत, नेशनल चैंपियनशिप और राज्य चयन शिविरों में उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए 21 पदक हासिल किए। यह उपलब्धि विद्यार्थियों के परिश्रम, शिक्षकों के मार्गदर्शन और संस्थान में उपलब्ध अत्याधुनिक सुविधाओं का प्रतिफल है। विद्यालय में ऑडियोमेट्री लैब और हाइड्रोथेरेपी पूल जैसी सुविधाएं बच्चों के संवेदी और मोटर कौशल को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
मंच पर आत्मविश्वास की झलक, दर्शक हुए मंत्रमुग्ध
समारोह के दौरान विद्यार्थियों की सांस्कृतिक और रचनात्मक प्रस्तुतियों ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। बच्चों ने अपने प्रदर्शन में आत्मविश्वास और सटीकता का परिचय देते हुए दर्शकों को प्रभावित किया। कार्यक्रम में देखभाल और प्रशिक्षण का संतुलन स्पष्ट रूप से दिखाई दिया, जो संस्थान के समर्पित प्रयासों को दर्शाता है।
समावेशी समाज की दिशा में मजबूत पहल
कार्यक्रम में संबोधन के दौरान क्षेत्रीय अध्यक्ष ने विशेष बच्चों के सामाजिक समावेशन के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने शिक्षकों और स्टाफ के धैर्य एवं समर्पण की सराहना करते हुए अभिभावकों से बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया।
सप्त शक्ति आशा स्कूल सैन्य और नागरिक पृष्ठभूमि से आने वाले विशेष रूप से सक्षम बच्चों को सशक्त बनाने के उद्देश्य से कार्यरत एक प्रमुख संस्थान है, जो उन्हें अनुकूल वातावरण और विशेष प्रशिक्षण प्रदान कर उनके सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित करता है।




